राजेश चौधरी की नानपारा में मजबूत दावेदारी, दो दशक से राजनीति और समाजसेवा में सक्रिय

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मिहीपुरवा की मिट्टी से निकले नेता ने संगठन, समाज और जनसेवा के जरिए बनाई पहचान

बहराइच। नानपारा विधानसभा क्षेत्र की सियासत में राजेश चौधरी का नाम इन दिनों चर्चा में है। कुर्मी समाज से आने वाले राजेश चौधरी लंबे समय से सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में सक्रिय हैं। करीब दो दशक से अधिक समय से संगठन और समाज के बीच काम करते हुए उन्होंने क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई है। अब उनके समर्थक उन्हें नानपारा विधानसभा से मजबूत दावेदार के रूप में देख रहे हैं।

मिहीपुरवा क्षेत्र में जन्मे राजेश चौधरी ने सामान्य ग्रामीण परिवेश से निकलकर समाजसेवा, व्यवसाय और राजनीति के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाई। 30 जुलाई 1981 को स्वर्गीय रामदल चौधरी के परिवार में जन्मे राजेश चौधरी ने स्नातक तक शिक्षा प्राप्त की। वर्तमान में वह इफको -बाजार, खुशी ऑटोमोबाइल्स (स्वराज ट्रैक्टर) और भारत ईंट उद्योग जैसे व्यवसायों से जुड़े हुए हैं।

कुर्मी समाज में मजबूत पकड़, सभी वर्गों से संवाद

राजेश चौधरी कुर्मी समाज से आते हैं और लंबे समय से समाज के सामाजिक कार्यक्रमों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। वर्ष 2005 में उन्होंने अखिल भारतीय कुर्मी क्षत्रिय महासभा, बहराइच के जिला उपाध्यक्ष के रूप में अपने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत की।

समाज के बीच सक्रियता के कारण उनकी पहचान केवल एक समाज विशेष के नेता के रूप में नहीं, बल्कि क्षेत्र के विभिन्न वर्गों से संवाद रखने वाले व्यक्ति के रूप में बनी। किसान, व्यापारी, युवा और गरीब परिवारों के मुद्दों को लेकर वह लगातार सक्रिय रहने का दावा करते हैं।

18 वर्षों से समाजवादी पार्टी में सक्रिय

राजेश चौधरी ने वर्ष 2008 में समाजवादी पार्टी की आजीवन सदस्यता ग्रहण की। इसके बाद उन्होंने संगठन में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं।

वर्ष 2008 से 2013 तक वह समाजवादी पार्टी बहराइच के जिला सचिव रहे। इसके बाद 2014 से 2018 तक जिला कार्यकारिणी सदस्य की जिम्मेदारी संभाली। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में उन्हें बाराबंकी लोकसभा क्षेत्र की रामनगर विधानसभा का चुनाव प्रभारी बनाया गया।

वर्ष 2020 से 2022 तक उन्होंने समाजवादी पार्टी बहराइच के जिला उपाध्यक्ष के रूप में संगठन को मजबूत करने का काम किया। बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं से संपर्क और पार्टी कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी उनकी राजनीतिक यात्रा का हिस्सा रही है।

पंचायत चुनाव में परिवार की भी सक्रिय भागीदारी

वर्ष 2021 के पंचायत चुनाव में राजेश चौधरी की पत्नी सीमा चौधरी ने जिला पंचायत सदस्य वार्ड संख्या 09 से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। इसके बाद उन्होंने समाजवादी पार्टी समर्थित जिला पंचायत अध्यक्ष प्रत्याशी के प्रस्तावक की भूमिका भी निभाई।

नानपारा के विकास को लेकर रखी प्राथमिकताएं

राजेश चौधरी का कहना है कि नानपारा विधानसभा क्षेत्र में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, कृषि और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने की जरूरत है। उनका फोकस युवाओं के लिए रोजगार के अवसर, किसानों को बेहतर सुविधाएं, ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार और व्यापार को बढ़ावा देने पर है।

उनका कहना है कि जनप्रतिनिधि का काम केवल चुनाव तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि जनता के बीच रहकर उनकी समस्याओं को समझना और समाधान के लिए प्रयास करना ही वास्तविक राजनीति है।

कुर्मी समाज के साथ क्षेत्रीय समीकरणों में बढ़ी चर्चा

नानपारा विधानसभा क्षेत्र में कुर्मी समाज की अच्छी संख्या मानी जाती है। ऐसे में राजेश चौधरी की सामाजिक पृष्ठभूमि, संगठनात्मक अनुभव और लंबे राजनीतिक जुड़ाव को देखते हुए उनके समर्थक उन्हें कुर्मी समाज के मजबूत चेहरे के रूप में पेश कर रहे हैं।

हालांकि विधानसभा चुनाव में अंतिम फैसला पार्टी नेतृत्व और जनता के हाथ में होगा, लेकिन फिलहाल नानपारा की राजनीति में राजेश चौधरी की सक्रियता और दावेदारी चर्चा का विषय बनी हुई है।