सिर्फ कुत्ता मौत की वजह नही, गाजियाबाद में दरोगा संग हुए हादसे मे नया खुलासा 

सिर्फ कुत्ता मौत की वजह नही, गाजियाबाद में दरोगा संग हुए हादसे मे नया खुलासा 

मृत महिला दरोगा का नाम दरोगा रिचा सचान है रिचा 2023 बैच की सब-इंस्पेक्टर थीं और उनकी पहली तैनाती गाजियाबाद के कविनगर थाना क्षेत्र में तैनात थीं. रिचा मूल रूप से कानपुर नगर की रहने वाली थीं. फिलहाल इस समय उनकी तैनाती कविनगर थाना क्षेत्र के शास्त्री नगर चौकी पर थी. रिचा की असमय मौत ने उनके परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है. कानपुर निवासी रिचा अपने परिवार की सबसे छोटी और सबसे लाडली बेटी थीं. उनके पिता बाबूराम सचान खेती-बाड़ी का काम करते हैं और मां रेखा सचान एक गृहणी हैं. परिवार में रिचा के अलावा चार भाई-बहन और हैं.

पढ़ाई के साथ-साथ खेलकूद में भी अव्वल

रिचा के मां का कहना है कि रिचा पढ़ाई में बेहद तेज थीं और हमेशा से ही बड़े सपने देखती थीं. उनका सपना था कि वह भविष्य में आईएएस अफसर बनें. इस दिशा में वह तैयारी भी कर रही थीं. पढ़ाई के साथ-साथ खेलकूद में भी रिचा हमेशा अव्वल रहती थीं.

पिता बाबूराम सचान ने बताया कि उन्होंने सभी बच्चों की पढ़ाई का जिम्मा बराबरी से उठाया था. लेकिन रिचा सबसे छोटी होने के कारण सबकी चहेती थी. उनका स्वभाव इतना मिलनसार था कि जो भी उनसे एक बार मिलता, वह उनका कायल हो जाता. पिता की आंखों में आंसू थे जब उन्होंने बताया कि उन्हें कभी सोचा भी नहीं था कि उनकी बेटी इस तरह अचानक उनसे बिछड़ जाएगी.

मेरठ में की थी ट्रेनिंग

रिचा सचान ने अपनी ट्रेनिंग मेरठ स्थित पीटीएस में पूरी की थी. मार्च 2024 में ट्रेनिंग खत्म होने के बाद उनकी पहली तैनाती गाजियाबाद के कवि नगर थाने में हुई थी. नौकरी जॉइन करने के बाद रिचा ने अपना शौक भी पूरा किया और अपनी पसंदीदा बुलेट बाइक खरीदी. उन्हें बाइक चलाने का बेहद शौक था. लेकिन यही बाइक उनकी असमय मौत का कारण बन गई. हालांकि, हादसे के वक्त रिचा ने हेलमेट पहन रखी थी.

एसीपी भास्कर वर्मा ने बताया कि हादसे के वक्त रिचा की बाइक की रफ्तार लगभग 50 किलोमीटर प्रति घंटा थी. उन्होंने बताया कि जैसे ही हादसे की सूचना मिली, पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और घायल रिचा को अस्पताल ले जाया गया. हालांकि, डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि रिचा की मौत अस्पताल पहुंचने से पहले ही हो चुकी थी.

इस घटना ने पुलिस विभाग में भी शोक की लहर दौड़ा दी है. सहकर्मी रिचा को मेहनती, होशियार और खुशमिजाज अधिकारी के रूप में याद कर रहे हैं. वह अपनी लगन और ऊर्जा के लिए जानी जाती थीं. परिवार और साथियों के लिए यह यकीन करना मुश्किल है कि महज 23-24 साल की उम्र में रिचा इस दुनिया को इतनी जल्दी छोड़ जाएंगी.

कैसे हुई मौत?

जानकारी के अनुसार, ये हादसा तब हुआ जब रिचा सचान सोमवार को देर रात करीब 2 बजे ड्यूटी पूरी करने के बाद कमरे पर लौट रही थीं. इस दौरान वो बुलेट बाइक थीं. इस बीच जैसे वो शास्त्री नगर के कार्ट चौक पर पहुंचीं तो उनकी बाइक के सामने अचानक एक कुत्ता आ गया. ऐसे में रिचा ने उसे बचाने की पूरी कोशिश की. लेकिन, इस दौरान उनकी बाइक बगल से गुजर रही वैगन-आर कार से टकरा गई. इससे रिचा की बाइक का बैलेंस बिगड़ गया और वो सड़क पर गिर गईं. इससे उनके सिर में गंभीर चोटें गई.

अंतिम संस्कार और सम्मान

रिचा के निधन से उनका परिवार सदमे में है और गहरे दुख में डूबा हुआ है। परिवार के सदस्यों ने बताया कि वे अगले साल उनकी शादी की योजना बना रहे थे, लेकिन इस हादसे ने उनके सारे सपनों को चकनाचूर कर दिया। सोमवार को पुलिस लाइंस, गाजियाबाद में सब-इंस्पेक्टर रिचा सचान को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इसके बाद, पोस्टमार्टम के बाद उनके पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए उनके पैतृक स्थान कानपुर ले जाया गया। पुलिस इस मामले की आगे की जांच कर रही है और उस कार चालक की तलाश की जा रही है जिसने यह हादसा किया। पुलिस अधिकारियों की मानें तो कुत्ता तो सिर्फ हादसे का बहाना था। सब इंस्पेक्टर रिचा सचान की मौत की वजह वो कार बनी, जो उनके सड़क पर गिरते ही उन्हें रौंदते हुए निकल गई।